कटनी। जिले में बढ़ते अपराध और लंबित प्रकरणों को लेकर पुलिस अधीक्षक ने मंगलवार को पुलिस कंट्रोल रूम में जिलेभर के थाना प्रभारियों और चौकी प्रभारियों की कड़ी समीक्षा बैठक ली। बैठक में अपराध नियंत्रण, विवेचना की रफ्तार और कानून व्यवस्था को लेकर अधिकारियों की जमकर क्लास लगाई गई।
पुलिस अधीक्षक ने संपत्ति संबंधी अपराधों में बरामदगी प्रतिशत, अपराध निकाल, बाउंड ओवर कार्रवाई, ऑपरेशन मुस्कान और ऑपरेशन शिकंजा की प्रगति रिपोर्ट तलब की। साथ ही शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर धारा 185 मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई की समीक्षा करते हुए सख्ती बरतने के निर्देश दिए।
सबसे ज्यादा नाराजगी लंबित अपराधों को लेकर देखने को मिली। जिन विवेचकों ने समय सीमा पूरी होने के बावजूद मामलों का निराकरण नहीं किया, उन पर 500-500 रुपये का अर्थदंड ठोका गया। इससे पुलिस महकमे में हड़कंप की स्थिति बन गई।
सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों पर भी पुलिस अधीक्षक ने नाराजगी जताई और कहा कि जनता की शिकायतों का प्राथमिक स्तर पर त्वरित, संतोषजनक और पूर्ण समाधान किया जाए।
महिला अपराधों पर सख्त तेवर दिखाते हुए निर्देश दिए गए कि ऐसे मामलों में तत्काल विवेचना पूरी कर समय सीमा में चालान न्यायालय में पेश किया जाए।
इसके अलावा जिले के गुंडा, बदमाश और निगरानी सूची के अपराधियों की नियमित चेकिंग कर उनकी हर गतिविधि पर नजर रखने के आदेश दिए गए।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक ने साफ कहा कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा, अपराध नियंत्रण में लापरवाही करने वालों पर सख्त कार्रवाई तय है।

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